लखनऊ, अभिव्यक्ति न्यूज। दूल्हा उत्तर प्रदेश के जौनपुर का रहने वाला और दुल्हन पाकिस्तान के लाहौर की है, दोनों का निकाह तय हो गया, लेकिन निकाह के लिए वीजा ही नहीं मिल पाया। आखिरकार ऑनलाइन ही निकाह कराना पड़ा। भाजपा नेता के बेटे के निकाह में टीवी स्क्रीन में सामने बैठकर सैकड़ों बारातियों ने शिरकत की। अब जौनपुर के लोगों को जल्द ही दुल्हन आने का इंतजार है। दुल्हन के अपने ससुराल आने पर उसके स्वागत में जोरदार वलीमा किया जाएगा।
वीजा न मिलने से सदमे में दुल्हन की मां पहुंची आईसीयू
जौनपुर के मखदूमशाह अढहन निवासी भाजपा सभासद तहसीन शाहिद ने अपने बड़े बेटे मोहम्मद अब्बास हैदर की शादी पाकिस्तान के लाहौर निवासी रिश्तेदार की बेटी अंदलीप जहरा से एक साल पहले तय की थी। शादी के लिए उच्चायुक्त में वीजा भी अप्लाई किया गया था, लेकिन निकाह का दिन आ गया और वीजा नहीं जारी हुआ। वीजा जारी न होने की बात सुनकर पाकिस्तान में लड़की की मां राना यास्मीन जैदी की तबीयत बेहद खराब हो गई। इसके चलते उन्हें आईसीयू में भर्ती कराना पड़ा। ऐसी हालत में तहसीन शाहिद ने लाहौर में लड़की वालों से बातचीत करके ऑनलाइन शादी कराने का फैसला लिया।

टीवी स्क्रीन पर निकाह के गवाह बने सैकड़ों लोग
जौनपुरी दूल्हे और लाहौरी दुल्हन की ऑनलाइन के फैसले की जानकारी होने पर दोनों ही ओर से इसकी तैयारी की जाने लगी। दोनों ओर बड़े टीवी स्क्रीन लगाए गए। तहसीन शाहिद शुक्रवार को अपने साथ सैकड़ों साथियों को लेकर जौनपुर शहर के इमामबाड़ा कल्लू मरहूम में पहुंचे और टीवी स्क्रीन पर सभी के सामने बेटे मोहम्मद अब्बास हैदर का ऑनलाइन निकाह कराया। शिया धर्म गुरु मौलाना महफूजुल हसन खान ने निकाह पढ़ाने के बाद बताया कि इस्लाम धर्म में लड़की की इजाजत की जरूरत होती है। लड़की अपने मुंह से मौलाना के सामने बोलती है, ऐसे में यह इजाजत यदि ऑनलाइन मौलाना दे दे तो दोनों ओर के मौलाना बैठकर निकाह करा सकते हैं।

दुल्हन के स्वागत में होगा जोरदार वलीमा
दूल्हे के पिता तहसीन का कहना है कि वीजा के लिए कोशिश में लगे हुए हैं। लड़की का निकाह नामा लगाने पर वीजा मिल जाएगा, जब दुल्हन हमारे घर आएगी। इसके बाद वलीमा धूमधाम से किया जाएगा। मोहम्मद अब्बास हैदर ने निकाह के बाद कहा कि शादी की रस्म अदा हो गई है, जब कानूनी प्रक्रिया पूरी हो जाएगी तो पत्नी भी साथ रहने के लिए जौनपुर आ जाएंगी। मौलाना ने कहा कि दोनों मुल्कों के राजनीतिक संबंध खराब होने से काफी परेशानी दोनों तरफ के लोगों को उठानी पड़ती हैं, ऐसे में दोनों मुल्कों के हुक्मरान चाहे तो बातचीत से ये आग ठंडी हो सकती है।
