अयोध्या, अभिव्यक्ति न्यूज। अकल्पनीय …अप्रतिम .. सनातन के उत्सव अयोध्या के दिव्य दीपोत्सव में एक बार फिर इतिहास रचा गया। राम की पैड़ी पर एक साथ 26 लाख 17 हजार 215 दीप प्रज्ज्वलित कर गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स बना। रामकथा पार्क में प्रभु राम के राज्याभिषेक के साथ समूची अयोध्या सरयू घाट तक दीपों की अनगिनत पंक्तियों से स्वर्ग को मात देती नजर आई। मुख्यमंत्री ने श्री राम जन्मभूमि मंदिर में भी पहला दीप जलाया।

अयोध्या में 2617215 दीप जलाकर बनाया नया विश्व रिकॉर्ड

दीपोत्सव में अयोध्या ने रोशनी और आध्यात्म का ऐसा अद्भुत दृश्य प्रस्तुत किया कि इतिहास में नया पन्ना जुड़ गया। गिनीज प्रतिनिधियों की मौजूदगी में राम की पैड़ी और अयोध्या धाम में 26,17,215 दीप एक साथ प्रज्ज्वलित कर गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स का प्रमाण पत्र मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पर्यटन-संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह और प्रमुख सचिव (पर्यटन-संस्कृति) अमृत अभिजात ने सौंपा। समाहित आरती में 2,128 वेदाचार्य व अर्चक शामिल रहे और सरयू आरती जय श्रीराम के उद्घोष से गुंजती रही। 1100 स्वदेशी ड्रोन और भव्य लेजर-प्रोजेक्शन मैपिंग ने रामायण के सातों कांडों के दृश्य आकाश में सजाए तो दर्शक मंत्रमुग्ध रह गए। अवध विश्वविद्यालय के प्रोफेसर्स, छात्र-छात्राओं और वालंटियर्स ने आयोजन में अनुशासन और समर्पण का परिचय दिया। युवा स्वयंसेवकों ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उनके आइकॉन हैं और उनके नेतृत्व में अयोध्या ने नया गौरव पाया है। कार्यक्रम में प्रमुख सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ, संतों का सम्मान और रामकथा आधारित थ्री-डी प्रोजेक्शन ने आध्यात्मिकता और आधुनिक तकनीक का संगम दिखाया। मुख्यमंत्री ने आयोजन को 500 वर्षों के अंधकार पर आस्था की विजय बताया और कहा कि आज अयोध्या दुनिया की आध्यात्मिक राजधानी व पर्यटन केंद्र बनने के मार्ग पर अग्रसर है। आयोजन स्थल पर उपस्थित जनप्रतिनिधियों, संतों व नागरिकों ने सरकार के प्रयासों की प्रशंसा की और दीपोत्सव को राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक बताया।

जहां कभी चली थीं गोलियां वहां आज जल रहे दीप : सीएम योगी

रामकथा पार्क में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उन घटनाओं का जिक्र किया जिनमें कभी रामभक्तों पर गोलीबारी हुई वहीं, आज वही भूमि दीपोत्सव और श्रद्धा का केन्द्र बन चुकी है। योगी ने कहा कि ‘यह दीप केवल प्रकाश नहीं, बल्कि 500 वर्षों के अंधकार पर आस्था की विजय का प्रतीक हैं। जिन्होंने अयोध्या में गोलियां चलवाई थीं, आज हम उसी भूमि पर दीप जला रहे हैं।’ उन्होंने आलोचनात्मक राजनीतिक रुखों पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि अयोध्या की पहचान मिटाने का प्रयास हुआ था, पर अब यह विश्वस्तरीय धार्मिक पर्यटन स्थल बन चुका है। योगी ने अयोध्या के विकास, सुरक्षा मॉडल और सामाजिक कल्याण योजनाओं का हवाला देते हुए कहा कि ‘रामराज्य’ की परिकल्पना के अनुरूप गरीबों, किसानों और युवाओं के हितों पर काम जारी है। उनके भाषण ने आयोजन को आध्यात्मिक रोमांच के साथ-साथ राजनीतिक-सांस्कृतिक संदेश भी दे दिया।

दीपोत्सव 2025 से जुड़ी तथ्यात्मक जानकारी
-26,17,215 दीपों से अयोध्या में गिनीज रिकॉर्ड, दीपोत्सव-2025 बना भव्य दर्शन
-मुख्यमंत्री ने राममंदिर में जलाया पहला दीपक, पूरे प्रदेश में जले 1 करोड़ 51 लाख दीपक
-2,128 वेदाचार्य व अर्चक एक साथ सरयू आरती में शामिल
-रामकथा-आधारित 3डी प्रोजेक्शन मैपिंग और भव्य लेजर शो
-1100 स्वदेशी ड्रोन द्वारा आकाश में रामायण के प्रसंगों की झलकियां
-कलाकारों ने रामायण के सातों कांडों पर आधारित प्रस्तुतियां दिखाईं

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